महिमा
उसे स्वार्ग परमेस्वर की महिमा हो
निचे धरती पर शान्ति भाले लोगों को - 2
उसे स्वार्ग में गाओ महिमा ईस्वर की महिमा
गुंज उठे सारे जंहा में ईस्वर की महिमा - 2
1. परमेस्वर पिता तुने रचा ये धरती आसमान
तारे गान ये नदिया सुरज और चन्द्रमा -2
उचे स्वार्ग में गाओ महिमा ईस्वर की महिमा - 2
गुंज उठे सारे जंहा ईस्वर की महिमा- 2
2. येसु माचि एक लोता इस्वर का पुत्र हे
शान्ति दाता मुक्ति दाता पापीओ का मित्र हे - 2
उचे स्वार्ग में गाओ महिमा ईस्वर का महिमा- 2
गुंज उठे सारे जंहा में ईस्वर की महिमा - 2
3. पवन आत्मा हम सबको सातो बर्दान दो
तुत्वामय ईस्वर की स्तुति प्रसन्सा हो - 2
उर्च स्वार्ग में गाओ महिमा ईस्वर की महिमा
गुंज उठे सारे जंहा में ईस्वर की महिमा - 2
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